नीमच जिला अस्पताल का निरीक्षण: फिजियोथैरेपी सेंटर बंद मिला, सफाई और चिकित्सा व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश

स्थान: नीमच, मध्य प्रदेश।
अस्पताल की व्यवस्थाओं का लिया जायजा
कलेक्टर हिमांशु चंद्रा के निर्देशानुसार जिला कोषालय अधिकारी एल.एन. चौहान ने शुक्रवार को शासकीय जिला चिकित्सालय नीमच का निरीक्षण किया। उन्होंने विभिन्न वार्डों, ओपीडी, फिजियोथैरेपी सेंटर और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लेकर आवश्यक सुधार करने पर जोर दिया।
निरीक्षण के दौरान उपस्थिति रजिस्टर में डॉक्टरों और कर्मचारियों की उपस्थिति दर्ज मिली। हालांकि, ग्राउंड फ्लोर स्थित कक्ष क्रमांक 04 में डॉक्टर उपलब्ध नहीं होने के कारण मरीजों को प्रतीक्षा करते पाया गया। आपातकालीन विभाग में डॉ. लावण्या मंगल उपस्थित थीं।
वार्डों में सफाई और सुविधाएं बेहतर करने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान पुरुष सर्जिकल वार्ड में मरीजों की देखभाल और एग्जॉस्ट फैन चालू रखने की आवश्यकता बताई गई। पुरुष सर्जिकल वार्ड में 10 और महिला सर्जिकल वार्ड में 8 मरीज भर्ती पाए गए।
मेटरनिटी वार्ड के प्रवेश द्वार पर साफ-सफाई की आवश्यकता पाई गई। वार्ड में बंद एग्जॉस्ट फैन को चालू कराने और नियमित सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
फिजियोथैरेपी सेंटर नियमित चलाने पर जोर
निरीक्षण के समय फिजियोथैरेपी सेंटर दोपहर की पाली में बंद मिला। निर्धारित ओपीडी समय के अनुसार सेंटर का नियमित संचालन सुनिश्चित करने और मरीजों को तय समय पर सुविधा उपलब्ध कराने की आवश्यकता बताई गई।
पार्किंग व्यवस्था व्यवस्थित करने के निर्देश
अस्पताल परिसर की पार्किंग व्यवस्था की भी जानकारी ली गई। वाहनों की सुचारु आवाजाही और व्यवस्थित पार्किंग सुनिश्चित करने के लिए नियमानुसार टेंडर प्रक्रिया पूरी करने पर जोर दिया गया।
समय पर उपलब्ध रहें डॉक्टर और कर्मचारी
निरीक्षण के बाद अस्पताल प्रशासन को डॉक्टरों और कर्मचारियों की निर्धारित समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करने, फिजियोथैरेपी सेंटर नियमित संचालित करने, वार्डों में साफ-सफाई बनाए रखने और आवश्यक सुविधाओं का उचित रखरखाव करने के निर्देश दिए गए।
प्रशासन का उद्देश्य अस्पताल में आने वाले मरीजों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना और व्यवस्थाओं में सुधार सुनिश्चित करना है।