PPP मॉडल के विरोध में मेडिकल कॉलेज प्रतिनिधिमंडल ने सांसद को सौंपा ज्ञापन, शासकीय दर्जा यथावत रखने की मांग

📍 नीमच, मध्यप्रदेश
PPP प्रस्ताव को लेकर मेडिकल कॉलेज में विरोध
नीमच स्थित वीरेंद्र कुमार सकलेचा शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय को PPP मॉडल पर संचालित किए जाने की प्रस्तावित प्रक्रिया को लेकर कॉलेज से जुड़े लोगों में विरोध सामने आया है। इससे पहले किसान, मजदूर और सामाजिक संगठनों की ओर से भी इस प्रस्ताव के विरोध में ज्ञापन दिए जाने की जानकारी सामने आई थी।
सांसद सुधीर गुप्ता को सौंपा ज्ञापन
इसी क्रम में चिकित्सा शिक्षकों, प्रशासनिक अधिकारियों और कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने मंदसौर-नीमच लोकसभा क्षेत्र के सांसद सुधीर गुप्ता से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने मांग की कि नीमच मेडिकल कॉलेज को PPP मॉडल पर निजी ऑपरेटर को सौंपने के बजाय पूर्व की तरह शासकीय व्यवस्था में ही संचालित रखा जाए।
MBBS छात्रों ने भी दर्ज कराया समर्थन
ज्ञापन के अनुसार, कॉलेज में अध्ययनरत सैकड़ों MBBS छात्रों ने भी हस्ताक्षर कर इस मांग का समर्थन किया। छात्रों की ओर से आशंका जताई गई कि PPP व्यवस्था लागू होने पर फीस और शिक्षा से जुड़ी व्यवस्थाओं में बदलाव का असर विद्यार्थियों पर पड़ सकता है। इन आशंकाओं पर अंतिम स्थिति सरकार द्वारा तय की जाने वाली PPP व्यवस्था और उसके प्रावधानों पर निर्भर करेगी।
नीमच मेडिकल कॉलेज की आधिकारिक वेबसाइट पर 2026-27 शैक्षणिक सत्र शुरू होने और कॉलेज में नियमित भर्ती एवं प्रशासनिक गतिविधियां जारी होने की जानकारी उपलब्ध है।
9 मेडिकल कॉलेज और 18 CHC को PPP प्रक्रिया में शामिल करने की तैयारी
सितंबर 2026 की रिपोर्टों के अनुसार, मध्यप्रदेश सरकार नौ सरकारी मेडिकल कॉलेजों और 18 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को PPP मॉडल पर संचालित करने की दिशा में प्रक्रिया आगे बढ़ा रही है। उपलब्ध रिपोर्टों में नीमच मेडिकल कॉलेज का नाम भी प्रस्तावित संस्थानों में शामिल बताया गया है।
केंद्र सरकार की 18 सितंबर 2026 की जानकारी में भी मध्यप्रदेश में मेडिकल शिक्षा के विस्तार के लिए PPP मॉडल अपनाने की राज्य सरकार की पहल का उल्लेख किया गया है।
प्रतिनिधिमंडल ने रखीं प्रमुख मांगें
ज्ञापन में कॉलेज को पूर्णतः शासकीय बनाए रखने, छात्रों की फीस को सरकारी नियमों के अनुरूप रखने तथा चिकित्सा शिक्षकों, पैरामेडिकल स्टाफ और अन्य कर्मचारियों के सेवा हितों एवं अधिकारों की सुरक्षा की मांग की गई। प्रतिनिधिमंडल ने आम मरीजों को उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच और लागत को लेकर भी अपनी चिंताएं रखीं।
सांसद ने उचित स्तर पर मुद्दा उठाने का आश्वासन दिया
प्रतिनिधिमंडल के अनुसार, सांसद सुधीर गुप्ता ने ज्ञापन प्राप्त कर इस विषय को राज्य सरकार और संबंधित स्तर पर उठाने तथा समाधान के लिए प्रयास करने का आश्वासन दिया। PPP व्यवस्था के अंतिम स्वरूप और नीमच मेडिकल कॉलेज पर उसके लागू होने संबंधी आगे के निर्णय सरकार की प्रक्रिया के बाद स्पष्ट होंगे।