पेंशनर्स का 26 अक्टूबर का भोपाल आंदोलन दो माह के लिए स्थगित, मुख्यमंत्री से चर्चा के बाद फैसला

12 सूत्रीय मांगपत्र पर हुई चर्चा
पेंशनर्स महासंघ के जिलाध्यक्ष बीएस सिसोदिया ने बताया कि 15 अक्टूबर को हुई उच्चस्तरीय बैठक में कर्मचारी कल्याण समिति के अध्यक्ष रमेश चंद्र शर्मा की मध्यस्थता में पेंशनर्स की समस्याओं पर चर्चा हुई। इस दौरान मुख्यमंत्री को 12 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा गया।
ये हैं पेंशनर्स की प्रमुख मांगें
मांगपत्र में पेंशनर्स के हितों से जुड़ी कई मांगें शामिल हैं। इनमें प्रमुख रूप से:
केंद्र के समान महंगाई राहत प्रदान करना।
छठे और सातवें वेतनमान के लंबित एरियर का भुगतान।
मुख्यमंत्री स्वास्थ्य बीमा योजना में एक प्रतिशत अंशदान पर शामिल करना।
अतिरिक्त पेंशन का लाभ देना।
पुरानी पेंशन योजना का विस्तार करना।
पेंशन प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण करना।
आश्रितों को 50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देना।
जिला स्तर पर पेंशनर फोरम का गठन करना।
दो माह में समाधान नहीं तो दिसंबर में फिर आंदोलन
बीएस सिसोदिया के अनुसार, विभागवार बैठकें आयोजित कर समस्याओं के समाधान का प्रयास किया जाएगा। इसी उम्मीद के साथ 26 अक्टूबर का प्रस्तावित आंदोलन दो माह के लिए स्थगित किया गया है।
महासंघ ने चेतावनी दी है कि यदि दो माह के भीतर मांगों पर संतोषजनक समाधान नहीं निकलता है, तो दिसंबर में भोपाल में दोबारा आंदोलन किया जाएगा।