|
नीमच। पर जाम पीने से क्या फायदा रात को पिए सुबह उतर जाए वह नशा नहीं होता है। भक्ति रस का प्याला एक बार पीते हैं तो जीवन पर्यंत नहीं उतरता है। प्रेम रस भक्ति का प्याला का नशा जीवन के अंतिम समय तक साथ रहता है। प्रेम भक्ति रस के बिना जीवन का कल्याण नहीं होता है। जीवन में प्रभु भक्ति जाप करें तो संसार के प्रति मन पवित्र होना चाहिए। किसी के प्रति भी अहित का भाव नहीं होना चाहिए सभी के प्रति भलाई का भाव होना चाहिए। यह बात पंकज कृष्ण महाराज ने कही। वे शनि देव मंशापूर्ण महादेव मंदिर इंदिरा नगर में आयोजित श्रीमद् भागवत ज्ञान गंगा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि जो दूसरों का अहित नहीं करता है उसे नरक नहीं मिलता है उसका सदैव कल्याण ही होता है। प्रभु पर प्रेम के वश में होते हैं। परमात्मा अपने भक्तों की गलती को सदैव क्षमा कर देते हैं। संसार का प्रत्येक पिता ने पुत्र की गलती को क्षमा कर देता है। श्री कृष्णा सदैव प्रेम के भूखे रहते हैं। समुद्र मंथन में जो बच निकला था उसे शंकर ने ग्रहण किया था हम भी यदि विष को स्वीकार करना सीख जाए तो हमें भी हमें अवश्य मिलता है। परमात्मा श्रृंगार करने से जल्दी प्रसन्न होते हैं। हम कृष्ण का नाम का जाप करें तो एक बार हो सकता है नहीं मिले, लेकिन यदि हम राधा नाम का जाप करें कृष्ण अवश्य मिलते हैं। प्रेम के आगे ज्ञान की बात नहीं चलती है। जब भी भक्त संकट में होते हैं भगवान का संकट दूर करते हैं। में भागवत पोथी पूजन आरती में श्रीमती मालती नागर एवं चांदमल नागर यजमान के रूप में उपस्थित थे। श्री कृष्ण रुक्मणी विवाह में झुमे श्रदालु भक्त.. भागवत कथा के मध्य श्री कृष्ण रुक्मिणी विवाह का प्रसंग बताया तो भागवत भक्ति पांडाल में कृष्ण रुक्मणी ने प्रवेश किया तब श्रद्धालु भक्तों ने पुष्प वर्षा से अगवानी की श्री कृष्ण का अभिनय गुंजन शर्मा ने तथा रुक्मणी का अभिनय परिधि बाड़ीका ने प्रस्तुत किया। सुंदरकांड पाठ का आयोजन आज, श्रीमदभ् गवत ज्ञान गंगा के विश्राम के पावन उपलक्ष्य में आज 31 दिसंबर को रात्रि 8 बजे शनि देव मंशा पूर्ण महादेव मंदिर परिसर में सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा। जिसमें भजन गायक कलाकार राजेश शर्मा एवं हरदेव सालवी अपने भजनों की प्रस्तुतियां देंगे। |
नीमच। पर जाम पीने से क्या फायदा रात को पिए सुबह उतर जाए वह नशा नहीं होता है। भक्ति रस का प्याला एक बार पीते हैं तो जीवन पर्यंत नहीं उतरता है। प्रेम रस भक्ति का प्याला का नशा जीवन के अंतिम समय तक साथ रहता है। प्रेम भक्ति रस के बिना जीवन का कल्याण नहीं होता है। जीवन में प्रभु भक्ति जाप करें तो संसार के प्रति मन पवित्र होना चाहिए। किसी के प्रति भी अहित का भाव नहीं होना चाहिए सभी के प्रति भलाई का भाव होना चाहिए। यह बात पंकज कृष्ण महाराज ने कही। वे शनि देव मंशापूर्ण महादेव मंदिर इंदिरा नगर में आयोजित श्रीमद् भागवत ज्ञान गंगा में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि जो दूसरों का अहित नहीं करता है उसे नरक नहीं मिलता है उसका सदैव कल्याण ही होता है। प्रभु पर प्रेम के वश में होते हैं। परमात्मा अपने भक्तों की गलती को सदैव क्षमा कर देते हैं।
संसार का प्रत्येक पिता ने पुत्र की गलती को क्षमा कर देता है। श्री कृष्णा सदैव प्रेम के भूखे रहते हैं। समुद्र मंथन में जो बच निकला था उसे शंकर ने ग्रहण किया था हम भी यदि विष को स्वीकार करना सीख जाए तो हमें भी हमें अवश्य मिलता है। परमात्मा श्रृंगार करने से जल्दी प्रसन्न होते हैं। हम कृष्ण का नाम का जाप करें तो एक बार हो सकता है नहीं मिले, लेकिन यदि हम राधा नाम का जाप करें कृष्ण अवश्य मिलते हैं। प्रेम के आगे ज्ञान की बात नहीं चलती है। जब भी भक्त संकट में होते हैं भगवान का संकट दूर करते हैं। में भागवत पोथी पूजन आरती में श्रीमती मालती नागर एवं चांदमल नागर यजमान के रूप में उपस्थित थे।
श्री कृष्ण रुक्मणी विवाह में झुमे श्रदालु भक्त..
भागवत कथा के मध्य श्री कृष्ण रुक्मिणी विवाह का प्रसंग बताया तो भागवत भक्ति पांडाल में कृष्ण रुक्मणी ने प्रवेश किया तब श्रद्धालु भक्तों ने पुष्प वर्षा से अगवानी की श्री कृष्ण का अभिनय गुंजन शर्मा ने तथा रुक्मणी का अभिनय परिधि बाड़ीका ने प्रस्तुत किया।
सुंदरकांड पाठ का आयोजन आज,
श्रीमदभ् गवत ज्ञान गंगा के विश्राम के पावन उपलक्ष्य में आज 31 दिसंबर को रात्रि 8 बजे शनि देव मंशा पूर्ण महादेव मंदिर परिसर में सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा। जिसमें भजन गायक कलाकार राजेश शर्मा एवं हरदेव सालवी अपने भजनों की प्रस्तुतियां देंगे।
NDA | INDIA | OTHERS |
293 | 234 | 16 |
NDA | INDIA | OTHERS |
265-305 | 200 -240 | 15-30 |