बरुजना में चार झोपड़ियों में भीषण आग, लाखों का सामान जलकर राख; एक वर्षीय बालिका को सुरक्षित निकाला

मजदूरी से लौटने पर सामने आया नुकसान
जानकारी के अनुसार, झाबुआ जिले के पिपल्या-पारा रोड क्षेत्र के विनोद डामोर, बाबू डामोर, मनीष डामोर, मुकेश डामोर सहित अन्य मजदूर परिवार बरुजना में खेती-किसानी का काम करते हैं। बुधवार को परिवारों के सदस्य मजदूरी करने गए हुए थे। इसी दौरान उनकी झोपड़ियों में आग लग गई।
पीड़ित परिवारों के मुताबिक, मजदूरी के हिसाब से मिली रकम भी झोपड़ियों में रखी हुई थी, जो आग की चपेट में आ गई। परिवारों ने करीब ₹2.5 लाख से ₹4 लाख तक नकदी जलने की जानकारी दी है। हालांकि, वास्तविक नुकसान का आकलन जांच के बाद ही हो सकेगा।
ग्रामीणों और फायर फाइटर ने मिलकर बुझाई आग
आग लगने की सूचना मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले झोपड़ी में मौजूद बालिका को सुरक्षित बाहर निकाला और अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया। बाद में नगर परिषद का फायर फाइटर भी मौके पर पहुंचा। ग्रामीणों और फायर फाइटर के संयुक्त प्रयासों से आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक झोपड़ियों में रखा काफी सामान जल चुका था।
आग लगने का कारण फिलहाल स्पष्ट नहीं हो पाया है।
प्रभावित परिवारों के लिए आर्थिक सहायता की मांग
घटना की जानकारी मिलने पर जिला कांग्रेस महासचिव अनिल शर्मा सहित कांग्रेस के अन्य नेता मौके पर पहुंचे। उन्होंने एसडीएम स्वाती तिवारी से चर्चा कर प्रभावित आदिवासी मजदूर परिवारों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
नेताओं ने प्रशासन से नुकसान का सर्वे कराकर नियमानुसार राहत देने की अपील की, ताकि प्रभावित परिवारों को इस मुश्किल समय में सहायता मिल सके।